मुंबई : मुंबई की कई झोपडपट्टियां कोरोना की गिरफ्त में हैं. कोरोना का सबसे ज्यादा प्रभाव वर्ली, भायखला, अंधेरी, शिवाजी नगर, चेंबूर, और धारावी में देखने को मिल रहा है, लेकिन धारावी के बाद मुंबई की दूसरी बड़ी झोपड़पट्टी वडाला पूर्व के इलाकों में भी कोरोना का कहर शुरु हो गया है. वडाला के संगमनगर और आस पास के कई क्षेत्र कोरोना की गिरफ्त में आ गए हैं. संगमनगर में दो सब्जी बेचने वाली महिलाएं और एक पानवाला कोरोना पाँजिटिव पाया गया है.
बीएमसी की जांच में यहां अब तक 20 से अधिक लोग पाँजिटिव पाए गए हैं. यह ऐसे इलाके हैं जहां भीड़ के कारण पैदल चलना भी मुश्किल होता है . झोपडपट्टियों वाले इलाकों में कोरोना का फैलाव खतरे की घंटी बजा दी है. इस इलाके में 120 से ज्यादा लोगों को क्वारंटाइन किया गया है. बीएमसी अधिकारी के अनुसार संगमनगर के अलावा हिम्मत नगर, चिक्कल वाडी में संक्रमण फैल गया है. धारावी की तरह यहां की आबादी भी मिश्रित है. इस इलाके में ज्यादातर उत्तर भारतीय रहते हैं. संतोषी माता मंदिर के पास भी कई लोगों को तमिल संघ हाल और दादर के गेस्ट हाउस में रखा गया है. जबकि पाँजिटिव मरीजों को वडाला के एड्स कंट्रोल सोसायटी में रख कर इलाज किया जा रहा है.
तमिल संघ हाल में क्वारंटाइन किए गए सतीश सामयिक ने बताया कि हमारे घर के नीचे सब्जी वाली चाची रहती हैं जिनकी रिपोर्ट पाँजिटिव आई है , हमारा दरवाजा दूसरी तरफ है. उनसे कोई संपर्क नहीं होने के बाद भी वहां से लाकर भेड़ बकरी की तरह ठूंस दिया गया. माता-पिता बूढ़े हैं और डायबिटीज के रोगी हैं. छोटे बच्चे हैं. खाने की व्यवस्था नहीं है. बच्चे का दूध भी नहीं है. वहां एक ही टायलेट सब यूज कर रहे हैं. साबुन और सेनेटाइजर नहीं रखा गया है. बीएमसी और पुलिस अधिकारी आये बोले चलो शाम को छोड़ देंगे. दवा भी नहीं लेने दिए. रात को लाए और बाहर से ताला मार कर सब चले गए . कोई सुनने वाला भी नहीं है.
वडाला पूर्व के ही दोस्ती कांप्लेक्स, और बंगालीपुरा में भी कोरोना मरीज मिल रहे हैं. एफ उत्तर विभाग में एक सप्ताह पहले सिर्फ 7 कोरोना पाँजिटिव थे, लेकिन सोमवार सुबह तक यह संख्या 43 पहुंच गई. स्थानीय लोगों का कहना है कि अभी यहां रहने वाले मुस्लिम समाज के लोग जांच के लिए आगे नहीं आ रहे हैं. उनमें भी कई लोग पाँजिटिव पाए गए हैं. जांच में भी बहुत समय लग रहा है. धारावी के जैसे एक तरफ से जांच होगी तो ही मरीजों की सही संख्या का पता चलेगा. जितने भी लोग क्वारटाईन किए गए हैं सबको खाना और नाश्ता भेजा गया है. डॉक्टर वहां जांच करने जा रहे हैं. जो व्यवस्था नहीं मिल सकी वह भी उपलब्ध कराई जा रही है.